43 वर्षों की परंपरा को निभाता निरंकारी महिला संत समागम, काशीपुर में दिखा श्रद्धा और सेवा का संगम

निरंकारी मिशन एक आध्यात्मिक विचारधारा
काशीपुर 24 दिसंबर 2025 आज संत निरंकारी सत्संग भवन काशीपुर में एक विशाल निरंकारी महिला संत समागम का आयोजन किया गया। ज्ञात रहे यह संत समागम पिछले लगभग 43 वर्षों से किसी निरंकारी भवन पर आयोजित किया जाता रहा है सैकड़ो की संख्या में निरंकारी परिवार की बहने और श्रद्धालु भक्तजन इस समागम में शामिल हुए और गुरु का यश गाया ।इस समागम की सारी व्यवस्था महिलाओं के द्वारा की जाती है। हर्षोल्लास के साथ आज प्रातः 7:30 बजे से महिला सेवा दल के द्वारा बहन मुन्नी चौधरी, बहन सुमिता खेड़ा, बहन रीटा की देखरेख में पीटी परेड प्रार्थना सेवा दल मार्चिंग गीत के साथ-साथ खेलकूदों का भी आयोजन किया गया। तत्पश्चात प्रातः 10:30 बजे से लगभग 2:00 बजे तक विशाल सत्संग का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मंच पर आसीन मुख्य रूप से देहरादून से आई हुई बहन शीतल जी की देखरेख में सत्संग का कार्यक्रम किया गया।

अनेक बहनों ने वक्ता रूप में गुरमत के सामाजिक उत्थान हेतु महिला सशक्तिकरण और सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के वचनों पर चलकर जीवन जीने की प्रेरणादायक भावनाएं वक्ता रूप में व्यक्त की गई। मंच संचालन बहन सुमिता खेड़ा एवं बहन मुन्नी चौधरी द्वारा किया गया। गीत कव्वालियां काव्य पाठ, भांगड़ा के द्वारा हमने आत्म मंथन करना है। मानव हो मानव से प्यार एक दूजे का बने सहारा, यह उद्गार ब्रांच मुखी राजेंद्र अरोड़ा द्वारा बहन शीतल जी का स्वागत करते हुए व्यक्त किए गए।
सत्संग के अंतिम चरण में स्टेज से बहन शीतल जी के द्वारा यह संदेश दिया गया कि हमने सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के वचनों की कदर करते हुए भक्ति के मार्ग पर अपने विश्वास को कायम रखना है। किसी प्रकार का कर्ता, और कारण न बनकर सतगुरु की सेवा करते हुए जीवन जीना है। यह समस्त जानकारी निरंकारी मीडिया प्रभारी प्रकाश खेड़ा द्वारा दी गई।